हरिद्वार, 25 मार्च 2026। परिवहन विभाग, उत्तराखण्ड द्वारा Hero MotoCorp के CSR कार्यक्रम Ride Safe India के अंतर्गत, उप क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (ARTO), हरिद्वार के सहयोग से “सुरक्षित साथी – रोड सेफ्टी एवं इमरजेंसी रिस्पॉन्स प्रशिक्षण कार्यक्रम” का सफल आयोजन आज हरिद्वार स्थित यशैल होटल (पूर्व रैडिसन ब्लू) में किया गया।
इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि परिवहन मंत्री प्रदीप बत्रा रहे। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथियों के रूप में
• संदीप सैनी, RTO प्रशासन, देहरादून
• डॉ. अनीता चमोला, RTO प्रवर्तन, देहरादून
• फिंचा राम चौहान, अपर जिलाधिकारी, हरिद्वार
• विपेंद्र, CO ट्रैफिक
• पंकज भट्ट, प्लांट HR हेड
• सुनील कुमार, प्लांट हेड
उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के आयोजन में प्रमुख भूमिका निभाने वाले अधिकारियों में
• निखिल शर्मा, ARTO (प्रशासन), हरिद्वार
• नेहा झा, ARTO (प्रवर्तन), हरिद्वार
• जितेन्द्र चन्द, ARTO (प्रशासन), रुड़की
• कृष्णा पलारिया, ARTO (प्रवर्तन), रुड़की
तथा Hero MotoCorp की CSR प्रमुख सोनिका चोपड़ा शामिल रहीं।
कार्यक्रम का उद्देश्य एवं गतिविधियाँ
“सुरक्षित साथी” पहल का उद्देश्य उच्च जोखिम वाले सड़क उपयोगकर्ताओं—जैसे डिलीवरी पार्टनर्स, ड्राइवर एवं अन्य गिग वर्कर्स—को सुरक्षित ड्राइविंग, यातायात अनुशासन एवंu आपातकालीन स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया के लिए प्रशिक्षित करना है।
इस कार्यक्रम के अंतर्गत लगभग 500 प्रतिभागियों को निम्न विषयों पर प्रशिक्षण प्रदान किया गया:
• जिम्मेदार एवं सुरक्षित वाहन संचालन
• सड़क सुरक्षा नियमों का पालन
• “गोल्डन ऑवर” के महत्व की जानकारी
• प्राथमिक उपचार एवं दुर्घटना के समय त्वरित प्रतिक्रिया
कार्यक्रम में दो तकनीकी प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए गए। साथ ही, मुख्य अतिथि परिवहन मंत्री प्रदीप बत्रा द्वारा प्रतिभागियों को सुरक्षित साथी सेफ्टी किट एवं हेलमेट वितरित किए गए, जिससे सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता को और सुदृढ़ किया जा सके।
मुख्य अतिथि का संबोधन
अपने संबोधन में परिवहन मंत्री प्रदीप बत्रा ने कहा कि:
“सड़क सुरक्षा केवल नियमों का पालन भर नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक नागरिक की नैतिक जिम्मेदारी है। दुर्घटनाओं में ‘गोल्डन ऑवर’ के दौरान सही और त्वरित सहायता अनेक जीवन बचा सकती है। इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम समाज में जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ एक जिम्मेदार और संवेदनशील यातायात संस्कृति के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।”
उन्होंने यह भी कहा कि सरकार द्वारा सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है और इस प्रकार की पहलें प्रदेश में दुर्घटनाओं को कम करने में सहायक सिद्ध होंगी।
समापन सत्र
कार्यक्रम का समापन संयुक्त परिवहन आयुक्त राजीव मेहरा द्वारा किया गया। अपने समापन उद्बोधन में उन्होंने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम न केवल सड़क सुरक्षा जागरूकता को बढ़ाते हैं, बल्कि एक प्रशिक्षित और उत्तरदायी समाज के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने सभी प्रतिभागियों से अपील की कि वे सीखी गई जानकारियों को व्यवहार में लाएं तथा अन्य लोगों को भी इसके प्रति जागरूक करें।
समापन
कार्यक्रम का समापन प्रतिभागियों के सम्मान एवं प्रमाण-पत्र वितरण के साथ हुआ। इस पहल से प्रशिक्षित प्रतिभागी भविष्य में सड़क पर “सुरक्षित साथी” के रूप में कार्य करते हुए न केवल स्वयं सुरक्षित रहेंगे, बल्कि अन्य लोगों की सहायता कर प्रदेश में सड़क सुरक्षा को सुदृढ़ बनाने में योगदान देंगे।
